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Monday, 26 June 2017

न तुमने अपनाया न दुनिया ने

न तुमने अपनाया न दुनिया ने
देखो ! फिर भी जिन्दा हूँ मैं   
बस ! इक उम्मीद के सहारे ....

- सालिहा मंसूरी
29.01.16   04.43 pm 

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